डीएम ने बच्चों से किया संवाद, लक्ष्य तय कर आगे बढ़ने की दी सीख
मकदुमपुर, एकाढ़ा और मेंहुस के विद्यालयों में शैक्षणिक व्यवस्था का लिया जायजा, अभिभावकों से भी निभाई जिम्मेदारी
शेखपुरा
जिला पदाधिकारी शेखर आनंद ने शनिवार को जिले के विभिन्न विद्यालयों में विद्यार्थियों से सीधा संवाद कर उन्हें लक्ष्य निर्धारित कर आगे बढ़ने की सीख दी। उन्होंने बच्चों से उनकी पढ़ाई, रुचि और भविष्य की योजनाओं के बारे में जानकारी ली तथा नियमित मेहनत, अनुशासन और निरंतर प्रयास को सफलता का आधार बताया। डीएम ने अभिभावकों से भी बच्चों की पढ़ाई पर घर में ध्यान देने और उनके साथ नियमित संवाद बनाए रखने की अपील की।

मकदुमपुर स्थित डॉ. भीमराव अंबेडकर आवासीय विद्यालय में डीएम ने विद्यार्थियों के लिए आयोजित कैरियर काउंसलिंग सह गाइडेंस कार्यक्रम में बच्चों से संवाद किया। उन्होंने शिक्षा के महत्व पर चर्चा करते हुए जीवन में स्पष्ट लक्ष्य तय करने और उसे हासिल करने के लिए लगातार प्रयास करने की सलाह दी। उन्होंने बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के विचारों को याद करते हुए विद्यार्थियों को शिक्षा को जीवन में प्राथमिकता देने के लिए प्रेरित किया। इस दौरान कक्षा नौ की छात्रा प्रिया कुमारी ने संगीत प्रस्तुत किया।

डीएम ने विद्यालय परिसर में संत रविदास की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया तथा छात्रावास में पीएनजी गैस कनेक्शन का शुभारंभ किया। इससे विद्यार्थियों के लिए भोजन तैयार करने में सुरक्षित और निर्बाध गैस आपूर्ति की सुविधा मिलेगी।
चेवाड़ा प्रखंड के एकाढ़ा स्थित राजकीयकृत एसबीजे उच्च माध्यमिक विद्यालय में भी डीएम ने शिक्षक-अभिभावक-छात्र संगोष्ठी में भाग लिया। उन्होंने स्मार्ट क्लास का निरीक्षण कर विद्यार्थियों से बातचीत की और उनके शैक्षणिक स्तर की जानकारी ली। उन्होंने बच्चों को लक्ष्य निर्धारित कर लगन से पढ़ाई करने की सलाह दी। अभिभावकों ने विद्यालय तक पहुंचने वाले मार्ग की समस्या रखी। डीएम ने मौके पर ही बीडीओ को आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया।

इधर, मेंहुस स्थित सरस्वती विद्या निकेतन मॉडल स्कूल में एसडीओ प्रियंका कुमारी की अध्यक्षता में शिक्षक-अभिभावक संगोष्ठी हुई। उन्होंने कक्षाओं, विज्ञान प्रयोगशाला और पुस्तकालय का निरीक्षण किया। विद्यालय में 1308 विद्यार्थी नामांकित हैं और 33 शिक्षक पदस्थापित हैं। अभिभावकों ने सुरक्षा गार्ड की तैनाती, पुलिस गश्त बढ़ाने तथा मुख्य गेट और चहारदीवारी की मरम्मत की मांग रखी।
एसडीओ ने समस्याओं के समाधान में सहयोग का आश्वासन दिया और विद्यालय में नियमित शिक्षक-अभिभावक संगोष्ठी आयोजित करने का निर्देश दिया।
